मैं कौन हूँ, इसका जबाब जीवन के हर पर्तो में ढूंढता हूँ। और सवाल और खुद की लुका- छिपी
में जो कुछ भी पाता हूँ, वो पन्नो पर उकेर देता हूँ। कुछ कवितायेँ बन जाती है तो कुछ कहानियॉ तो कुछ यादें.......

पन्नो को शब्दों से रंगना पसन्द है....
खुद को हल्का कर लेता हूँ....

Thursday, March 23, 2017

प्रिय एंजल प्रिया ;व्यंग

प्रिय एंजल प्रिया,
स्नेह भरा प्रणाम, प्रेम इसलिय नही क्योकि तुम हो एंजल और हम ठहरे सीधे साधे लौंडे। खत इसलिय लिख रहे की, क्योकि तुमसे बहुत शिकायत है हमको। ये जो Delhi pool group पर भगवान जी का फोटो पोस्ट करती हो, और लोग तुम्हे भक्त समझकर लाइक पर लाइक किये जाते है, हमको साला टेंशन होता है, एक हमारा पोस्ट कितना भी प्रिज़मा, रेट्रीका यूज़ कर ले 11 से 12वा लाइक नहीं आता। कई बार तो दोस्त सब को कहना पड़ता है लाइक करो और शाम को समोसा चाय का पार्टी लो।
ये जो तुम आर्मी जवान का फोटो डालकर देशभक्ति दिखाती हो, मै तो कहता हु ऑफिसर लोग भी फेसबुक किया करे घर बैठकर।
"गरीब की बेटी को कोई लाइक नही करेगा क्या" ऐसे पोस्ट पर मुझे तो दया भी आता है तुम पर, कभी कभी रो भी लेता हु की सचमुच इस गरीब की बेटी को अगर लाइक नही किया तो इसका सपना तो चकना चूर हो जायेगा।  तुम जैसी गरीब की बेटी जिसे रोटी से ज्यादा चिंता फेसबुक लाइक की होती है, कसम से कितने निर्दयी है वो लोग जो लाइक नही करते, खैर उन लाखो का शुक्रगुजार हूँ जो लाइक भी करते है और साथ साथ कमेंट में अपना नम्बर भी लिखते है, ताकि भविष्य में तुम्हे कोई परेशानी हो तो तुम सम्पर्क कर सको। सच में ऐसे समाजसेवियों की इतनी तदाद है देश में , पता  नही था।
ये जो भारतीय ड्रेस और वेस्टर्न स्कर्ट का तुलनात्मक अध्ययन करती हो, की कौन अच्छा लग रहा तो कसम से तुम्हारे इस रिसर्च का हिस्सा मैं भी बन जाना चाहता हूँ। जब देखता हूँ की लोग भारतीय ड्रेस को बेस्ट बताते है और लम्बे लम्बे भाषण दे रहे होते है कमेंट बॉक्स में, और जो चरित्रवान होने का प्रमाण दे रहे होते है, उनका फेसबुक सर्च हिस्ट्री खुद दिल्ली पूल पार्टी में खोजी जा रही बिकनी वाली लड़कियो का होता है।
सामान्यज्ञान, यूजीसी नेट, एसएससी ग्रुप में जब तुम्हारे पोस्ट देखता हु तो लगता है तुम तयारी कर रहे नवजवान छात्रो का कितना ध्यान रखती हो , जो वक़्त बेवक़्त उनका मूड फ्रेश करने के लिए पोस्ट डालती रहती हो। फसेंबूक पर चर्चा तो बस दो की ही होती है, एक तुम्हारी दूसरी मोदी की।
अच्छा ये जो एंजल परिवार है, एंजल सोनिया, एंजल रश्मि, एंजल पिंकी ,ये सब सगी बहने है या चचेरी, ममेरी टाइप?
दादी की परियो की कहानी और तुम टाइप एंजलो में एक समानता है, उनकी वजह से पहले राजा महाराजाओ की कटती थी , अब तुमलोग की वजह से आजकल के लौंडे राजकुमारों की।
भरी दुपहरी में जो रिचार्ज कराने जाते है, इस उम्मीद में की रिचार्ज होते ही तुम्हारी आवाज सुनने को मिलेगी। पता नही आजतक किसी ने तुम एंजलो की आवाज सुनी भी है की नही।
ये तभी सुधरेंगे जब भी तुम्हारे पोस्ट पर कमेंट में नम्बर लिखे तभी मैसज आये
"Your account balance has been deducted by angle Priyअ, thank-you for your comment"
किसी दिन फेसबुक से फुरसत मिले तो आओ मिलो किसी चाय की दुकान पर। वही बैठ कर चाय-मट्ठी का आनंद लिया जाये। और हा अपनी चचेरी, ममेरी एंजलो को लाना मत भूलना। मेरा दोस्त सब गुड्डू, छगन, सुरजितवा इंतजार कर रहा।
तुम्हारा शुभचिंतक
सलीम बाबू( प्रिज़मा डिजिटल स्टूडियो वाले)
साहेबगंज रोड, चकिया , बिहार

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